बुखार कई मायनों में लाभदायक भी
बीकानेर। भारतीय शिशु एकेडमी, मुंबई की जिला शाखा की ओर से बच्चों के बुखार, उसके कारण व उपचार विषयक राष्ट्रीय स्तर की कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला में देशभर से आए 75 शिशु व बाल रोग विशेषज्ञों ने हिस्सा लिया।
कार्यशाला संयोजक व एकेडमी की बीकानेर इकाई के सचिव शिशु व बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. श्याम अग्रवाल ने बताया कि इस तरह की पहली बार आयोजित इस कार्यशाला की शुरुआत पीबीएम अस्पताल के अधीक्षक डॉॅ. पीके बैरवाल ने की। वरिष्ठ बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. पीसी खत्री, डॉ. घनश्यामसिंह सैंगर, जालंधर, पंजाब के डॉ. हरमेश सिंह, उदयपुर के डॉ. लाखन पोसवाल एवं जोधपुर के डॉ. राकेश जोरा सहित शिशु व बाल रोग विशेषज्ञों ने शोधपूर्ण व्याख्यान दिए।
शिशु व बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. नरेन्द्र पारीक ने बताया कि कार्यशाला में चिकित्सकों ने बच्चों में बुखार सामान्य व गंभीर बुखार, बुखार के कारण व उपचार विषय पर सार्थक चर्चा की गई। चिकित्सकों की राय थी कि सामान्य बुखार पर बच्चों को भारी दवाई नहीं देकर सामान्य दवाई दी जानी चाहिए।
बच्चों में बुखार कई दफा लाभदायक रहता है, इससे बच्चों में व्याप्त विषैले रोगाणु समाप्त होते है। संगठन के अध्यक्ष बाल एवं शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. कुलदीपसिंह बिठू ने कार्यशाला में मौजूद सभी का आभार जताया।