इन्टरनेट बंदी से बैचेन रहेगा माहौल
बीकानेर। शहर के लोगों में अभी से ही बैचेनी सी नजर आने लगी है। विशेषकर युवा वर्ग में। लोगों का कहना है कि न तो आंख लगेगी और न ही रात कटेगी। ऐसे में दो दिन और दो रातें काफी मुश्किलों भरी साबित होगी।
कांस्टेबल भर्ती परीक्षा में नकल पर नकेल डालने के लिए संभागीय आयुक्त ने संभाग भर में इन्टरनेट बंद किए जाने की अधिसूचना जारी की है। जिसके बाद आमलोग अभी से हलकान होने लगे हैं और उनमें काफी बैचेनी सी दिखाई देने लगी है।
हालांकि बीकानेर में 41 घंटे तक की इन्टरनेट सेवा बंद करने की घोषणा की गई है लेकिन लोगों को यह समय भी पहाड़ जैसा नजर आ रहा है। लोग इसी सोच में चिंतित हैं कि यह 41 घंटे कैसे निकाल पाएंगे। न तो आंख लगेगी और न ही रात कटेगी।
गौरतलब है कि संभागीय आयुक्त हनुमान सहाय मीणा ने गुरुवार को अधिसूचना जारी की थी जिसमें संभाग के सभी जिलों में अलग-अलग समय पर इन्टरनेट सेवा निलम्बित करने के निर्देश हैं। यह निर्णय पुलिस कांस्टेबल भर्ती परीक्षा की गोपनीयता, पारदर्शिता और लोक सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए लिया गया है।
इस अधिसूचना के अनुसार आज मध्य रात्रि से लेकर 15 जुलाई की शाम पांच बजे तक बीकानेर शहर, ग्राम रायसर और श्रीडूंगरगढ़ में इन्टरनेट बंद रहेगा।
दरअसल, इन्टरनेट का खुमार लोगों पर इस कदर चढ़ा है कि लोगों की सुबह की शुरुआत ही फेसबुक, व्हाट्सअप के साथ होती है। लोग हाथ-मुंह भले ही बाद में धोएं लेकिन सुबह उठते ही सबसे पहले फेसबुक व व्हाट्सअप स्टेटस चैक करते हैं। ऐसे में दो दिन और दो रातें किस प्रकार बीतेगी ? यह सवाल ही उन्हें परेशान कर रहा है।
गौरतलब है कि इससे पहले अनुसूचित जाति, जनजाति अधिनियम के बारे में उच्चतम न्यायालय के एक फैसले को लेकर दो अप्रेल को और उससे पहले आनन्दपाल एनकाउन्टर के दौरान भी इन्टरनेट सेवाएं बंद कर दी गई थी।
उस दौरान भी लोगों में काफी परेशानी होते देखी गई थी। लोगों को स्पष्ट रूप से पता था कि इन्टरनेट सेवाएं बंद हैं, इसके बावजूद भी वह बार-बार अपने मोबाइल को चैक करते देखे गए थे कि कहीं इन्टरनेट सेवा शुरू तो नहीं कर दी गई है।